Spotting
 Timeline
 Travel Tip
 Trip
 Race
 Social
 Greeting
 Poll
 Img
 PNR
 Pic
 Blog
 News
 Conf TL
 RF Club
 Convention
 Monitor
 Topic
 Followed
 Rating
 Correct
 Wrong
 Stamp
 HJ
 Vote
 Pred
 @
 FM Alert
 FM Approval
 Pvt
News Super Search
 ↓ 
×
Member:
Posting Date From:
Posting Date To:
Category:
Zone:
Language:
IR Press Release:

Search
  Go  

Shabdbhedi Express: गति इसकी शब्दों को भेदती है, पूरब को पूर्वांचल से जोड़ती है - Dr. Abhishek Rai

Full Site Search
  Full Site Search  
 
Tue Oct 20 08:55:50 IST
Home
Trains
ΣChains
Atlas
PNR
Forum
Topics
Gallery
News
FAQ
Trips/Spottings
Login
Advanced Search
Large Station Board;
Entry# 912982-0
Medium; Platform Pic; Large Station Board;
Entry# 4451725-0
Scenic; Platform Pic; Large Station Board;
Entry# 4505190-0

DBEC/Deobaloda Charoda (2 PFs)
     देवबलोदा चरोदा

Track: Triple Electric-Line

Show ALL Trains
Bhilai Marshalling Yard, Bhilai
State: Chhattisgarh


Zone: SECR/South East Central   Division: Raipur

No Recent News for DBEC/Deobaloda Charoda
Nearby Stations in the News
Type of Station: Regular
Number of Platforms: 2
Number of Halting Trains: 18
Number of Originating Trains: 0
Number of Terminating Trains: 0
Rating: NaN/5 (0 votes)
cleanliness - n/a (0)
porters/escalators - n/a (0)
food - n/a (0)
transportation - n/a (0)
lodging - n/a (0)
railfanning - n/a (0)
sightseeing - n/a (0)
safety - n/a (0)
Show ALL Trains

Station News

Page#    Showing 1 to 8 of 8 News Items  
Sep 21 (08:28) रेलवे ने सफाई के लिए किया जागरूक (www.naidunia.com)
IR Affairs
SECR/South East Central
0 Followers
14926 views

News Entry# 419108  Blog Entry# 4721445   
  Past Edits
Sep 21 2020 (08:29)
Station Tag: Deobaloda Charoda/DBEC added by Adittyaa Sharma/1421836

Sep 21 2020 (08:28)
Station Tag: Bhilai/BIA added by Adittyaa Sharma/1421836

Sep 21 2020 (08:28)
Station Tag: Dalli Rajhara/DRZ added by Adittyaa Sharma/1421836

Sep 21 2020 (08:28)
Station Tag: Durg Junction/DURG added by Adittyaa Sharma/1421836

Sep 21 2020 (08:28)
Station Tag: Bhatapara/BYT added by Adittyaa Sharma/1421836

Sep 21 2020 (08:28)
Station Tag: Raipur Junction/R added by Adittyaa Sharma/1421836
रायपुर (नईदुनिया प्रतिनिधि)
स्वच्छता पखवाड़ा के तहत रविवार को रायपुर रेल मंडल के मुख्य परिसरों में विभिन्ना कार्यक्रम आयोजित किए गए । इनके माध्यम से सफाई के लिए जागरूक किया गया। मंडल चिकित्सालय रायपुर, उप- चिकित्सालय बीएमवाई चरोदा, दल्ली राजहरा, भिलाई हेल्थ यूनिट, स्कूलों, रेलवे इंस्टिट्यूट और प्रशिक्षण केंद्रों में पोस्टर-बैनर के माध्यम से स्वच्छता के लिए जागरूक किया गया। रायपुर, भाटापारा, दुर्ग समेत मंडल के विभिन्ना स्टेशनों को सैनिटाइज किया गया। कर्मचारियों से सूखा और गीला कचरा को अलग-अलग डस्टबिन में डालने, कार्यस्थलों, परिसरों में गंदगी न फैलाने की अपील की गई।
बीएमवाई चरोदा से निकलने वाली गुड्स ट्रेनों में अब फुली एसी युक्त व अन्य संसाधनों से लैस इंजन लगाए जााएंगे। यह इंजन 120 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार पर पटरी पर दौड़ेंगी। 12 हजार हॉर्स पावर वाले क्षमता इन इंजनों को चलाने के लिए ड्राइवरों को ट्रेनिंग दिया जा रहा। इस इंजन में लोको पायलट को गर्मी, अधिक धूल या अधिक नमी वाले स्थान पर भी ट्रेन को लेकर जाने में किसी तरह की दिक्कतें नहीं होगी। यह अधिक से अधिक ऊंचाई वाले स्थान पर भी 6 हजार टन आसानी से खींच सकेगा। अधिकतम 120 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से इसे चलाया जा सकेगा। इसे डब्ल्यू एजी -12 नाम दिया गया है। अभी मंडल में 9 इंजन आए हैं। इसे चलाने की ट्रेनिंग लोको पायलटों को दी गई है। ट्रेनिंग प्रक्रिया लगातार जारी है। ऑनलाइन ट्रेनिंग में इसकी थ्योरी बताई जा रही है। वीडियो जारी किया जाएगा। इसका प्रैक्टिकल भी कराया जाएगा।...
more...

मिले जानकारी इसलिए इंजन में लगाए गए कैमरे
इंजन में एसी लगा है। इसमें नीचे की ओर एक कैमरा भी लगा है। इससे व्हील में किसी भी तरह की फाल्ट आने पर फौरन जानकारी मिल जाएगी। इससे फॉल्ट को दूर करके ट्रेन को चलाई जा सकेगी। यह पूरी तरह मेड इन इंडिया है। इसे भारत के बिहार के मधेपुरा में बनाया गया है। इसमें रिजनरेटिव ब्रेकिंग की सुविधा है।
ऊर्जा और समय दोनों की होगी इस इंजन से बचतअफसरों के मुताबिक डब्ल्यू एजी -12 इलेक्ट्रिकल लोकोमोटिव यूनिट की गति इन दिनों चल रहे इंजन की तुलना में दो गुना है। इन दिनों चल रहा इंजन डब्ल्यूएजी- 9 लोकोमोटिव है। नए इंजन की क्षमता पुराने इंजन से दो गुनी है। इसकी गति भी अधिक है। ट्रेन में फॉल्ट आने पर दूसरी यूनिट से पूरी क्षमता से काम लिया जाएगा।
लांग हॉल की स्थिति में भी 1 हजार यूनिट प्रेशर बनाए
यह इंजन लांग हॉल की स्थिति में भी एक हजार यूनिट का प्रेशर बनाए रखेगा। इससे अधिक वजन को आसानी से खींचा जा सकेगा। इसके लिए इसमें एक हजार लीटर वाले रिजरवायर लगाए गए हैं। इससे यह एक अनुपात 150 की तीव्रता वाली ऊंचाइयों में भी आसानी से 6000 टन वजन खींच लेगा। भविष्य में 800 ऐसे लोकोमोटिव चलाए जाने की संभावना है। भविष्य में और अधिक रनिंग स्टॉफ मेंबर्स को इस लोको का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे काम के निष्पादन में और अधिक निश्चितता आने की उम्मीद है। इस इंजन का उपयोग अगले 15 दिनों में शुरू किए जाने की तैयारी की गई है। इसके तहत ही ट्रेनिंग दी जा रही।
जानिए लाए गए इन नए इंजन की विशेषताएं
बीएमवाई चरोदा में दिया जा रहा है प्रशिक्षण
नए इंजन को मधेपुरा से लाने के बाद बीएमवाई में रखा गया है। यहां पर गुड्स ट्रेनों के लोको पायलटों को इसकी विस्तार से जानकारियां दी जा रही हैं। इसे ऑपरेट करने समेत इसके डिसप्ले बोर्ड समेत कैमरे, एसी कैब का सिचुवेशन आदि के बारे में बताया जा रहा है। कोविड -19 के कम्युनिटी स्प्रेड को देखते हुए पहले इसकी ऑनलाइन ट्रेनिंग दी जाएगी।

3 Public Posts - Sat Aug 01, 2020

12488 views
Aug 01 (20:49)
Saurabh®
Saurabhdubey_86^~   21602 blog posts
Re# 4679356-5            Tags   Past Edits
May be they have given it to BIA shed temporarily for training purpose of LPs

12321 views
Aug 01 (20:52)
Waiting for 12621 aka BOSS
MR_INDIANRAILIN^~   13974 blog posts
Re# 4679356-6            Tags   Past Edits
ek paper me aisa aara thi ki kuch looby"s ke kuch staff ko wag 12 ki training dene ke liye g 12 ko jagah jagah ghumna rahe hai
that might be the case here

12407 views
Aug 01 (21:13)
Somanko
Somanko_ELST^~   33569 blog posts
Re# 4679356-7            Tags   Past Edits
For training LPs one loco is being given for few days.
9 Locos is a fake thing.

10062 views
Aug 02 (00:28)
kedarc68
Goawaychinaviru   758 blog posts
Re# 4679356-8            Tags   Past Edits
Could it be that first one has arrived and rest will come as and when available? SECR has been running anacondas, has good tracks and high demand for coal and iron ore. IMO this one will stay, just like AJNI received one.As training is given to LP/ALPs of other lobbies, more will follow.

10336 views
Aug 02 (00:37)
Somanko
Somanko_ELST^~   33569 blog posts
Re# 4679356-9            Tags   Past Edits
Totally wrong. No shed got WAG 12Bs except SRE.
Next shed will be AJNI.
Shed is under construction.
All primary maintenance will be carried out at SRE ELS which is specially made for WAG 12s.
For
...
more...
training purposes locos went to BPQ, JBP, TATA, CKP, HWH, BWN and many places but no one is getting them.
पीपी यार्ड चरोदा के इंजीनियरों ने ट्रेनों के पहियों में लगने वाले ब्रेक की जांच के लिए नया टेस्टिंग बैंच बनाया है। इससे प्रति ब्रेक सिलेंडर रेलवे को करीब 6 हजार रुपए की बचत होगी। इस तरह एक गुड्स ट्रेन के रैक में कम से कम 54 बोगियां होती हैं। हर दिन 14 से 15 रैक का मेंटेनेंस किया जाता है। इस तरह हर दिन रेलवे को कम से कम 48.60 लाख की बचत होगी। इस नए अविष्कार को रेलवे बोर्ड ने भी मंजूरी दे दी है। इसके बाद से इस बैंच से मेंटेनेंस का काम भी शुरू कर दिया गया है। लगातार प्रयोग किए जा रहे थे। 
बदल दिया जाता था ब्रेक सिलेंडर, अब होगा सुधारअभी तक सिलेंडर में समस्या आने
...
more...
पर उसे बदलकर नया सिलेंडर लगाया जाता था। ब्रेकयान की मेंटेनेंस के दौरान हर दिन औसतन 8 से 10 बोगी का माउंटेन ब्रेक सिलेंडर बदले जाते थे। नए सिलेंडर लगाए जाते थे। इसमें रेलवे को काफी खर्च उठाना पड़ता था। नए उपकरण के बन जाने से अब सिलेंडर का पीपी यार्ड में बने उपकरण से मेंटेनेंस किया जा सकेगा। रेलवे ने बताया कि सिलेंडर को बदलने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसमें समय की भी काफी बचत होगी। 
यार्ड में उपलब्ध संसाधनों से बनाया उपकरणमंडल के वरिष्ठ मंडल यांत्रिक  इंजीनियर (समन्वय) एसके सेनापति एवं सीनियर डीएमई पीपी यार्ड भिलाई के दिशा निर्देशन में जेई बी जयचंद्रा ने गुड्स ट्रेनों के ब्रेक वैन में लगने वाले ब्रेक सिलेंडर की ओवरहालिंग टेस्टिंग के लिए नया बैंच बनाया है। इसकी सहायता से बोगी माउंटेन ब्रेक सिलेंडर को ब्रेक वेन में लगाया जाता है। अब इसकी ओवर हालिंग एवं टेस्टिंग बैंच पीपी यार्ड में उपलब्ध संसाधनों से की जाएगी। 
एक से डेढ़ घंटे में पूरा होगा मेंटेनेंस का कामपहले सिलेंडर बदलने में काफी समय लगता था। उसमें श्रम भी अधिक लगता था और खर्च अभी अधिक होता था। नए उपकरण का उपयोग करने से बोगी का मेंटेनेंस 60 से 90 मिनट में हो जाएगा। यह रिसर्च डिजाइन स्टैंडर्ड ऑर्गेनाइजेशन मानकों के अनुसार रहेगा। यह सुरक्षा और राजस्व की बचत की दृष्टि से पहले की तुलना में और अधिक बेहतर साबित हो रहा है। इससे रेलवे को गुड्स ट्रेनों के मेंटेनेंस करने में पहले की तुलना में अधिक सहुलियत हो रही है। 
Copyright © 2020-21 DB Corp ltd., All Rights Reserved
Jun 05 2019 (15:37) यार्ड में काम करने वाली महिलाओं के लिए रेस्ट रुम (www.bhaskar.com)
New Facilities/Technology
SECR/South East Central
0 Followers
4994 views

News Entry# 383520  Blog Entry# 4335604   
  Past Edits
Jun 05 2019 (15:37)
Station Tag: Deobaloda Charoda/DBEC added by Saurabh®^~/1294142
Stations:  Deobaloda Charoda/DBEC  
बीएमवाय चरोदा के रेलवे यार्ड में काम करने वाली महिलाओं के लिए रेलवे ने रिटर्निंग रुम की व्यवस्था की है। जिसमें एक कमरा बनाया गया है। कमरे में वाशरूम की व्यवस्था की गई है। वहां महिला कर्मी कुछ समय के लिए आराम भी कर सकती है। पहले चरोदा रेलवे यार्ड में काम करने वाली महिलाओं को जरूरत पड़ने पर इधर उधर भटकना पड़ता था। उनके अतिरिक्त समय में आराम करने की जगह नहीं थी। महिला कर्मियों को हो रही इस असुविधा को देखते हुए मजदूर कांग्रेस ने लगातार मांग की। जिस पर रेलवे ने स्वीकृति देते हुए बीएमवाय में पीपी यार्ड, ईएलएस व दुर्ग में महिलाओं के लिए रेस्ट रुम की व्यवस्था की है
Nov 13 2018 (15:36) रेलकर्मियों को रहने के लिए अब एक की जगह दो कमरे और हॉल वाले मिलेंगे आवास (www.bhaskar.com)
IR Affairs
SECR/South East Central
0 Followers
6594 views

News Entry# 368638  Blog Entry# 4000802   
  Past Edits
Nov 13 2018 (15:37)
Station Tag: Deobaloda Charoda/DBEC added by Saurabh®~/1294142
Stations:  Deobaloda Charoda/DBEC  
बीएमवाय चरोदा के रेलवे के क्वार्टरों में रहने वाले रेलकर्मियों के लिए खुशखबरी है। यहां रहने वाले कर्मचारियों के लिए अब पुराने क्वार्टरों को तोड़कर दो रूम वाले नए क्वार्टर तैयार किए जाएंगे। ऐसा करने के लिए दो क्वार्टर्स की जगह में एक ही आवास बनाया जाएगा। इससे रेल कर्मियों को रहने के लिए अब दोगुनी जगह मिलेगी। इसके अलावा क्वार्टर्स में अन्य सुविधाएं भी कर्मियों को मिलेंगी।
रेलवे के रायपुर डिवीजन में कई रेल कर्मचारियों की क्वार्टर्स में नहीं रहने और किराए पर देने की शिकायतें मिल रहीं थी। इसे लेकर रेल मंडल ने एक सर्वे कराया। सर्वे में पता चला कि क्वार्टर्स में रहने के लिए पर्याप्त जगह और अन्य सुविधाएं न होने के कारण रेलकर्मी यहां निवास नहीं
...
more...
कर रहे हैं। रेल कर्मियों की इस समस्या को दूर करने के लिए रेलवे ने दो क्वार्टरों को तोड़कर एक करने का फैसला लिया। इस फैसले के बाद बीएमवाय चरोदा में बने 200 से ज्यादा आवासों को तोड़कर एक किया जाएगा। ऐसा करने में रेलवे को करीब 4 करोड़ रुपए का खर्च आएगा। वहीं डबल स्टोरी क्वार्टर्स के लिए भी दो को एक कर आवंटित किए जाएंगे। इसके निर्देश रेलवे ने जारी किए हैं। ऐसा करने से रेल कर्मियों को रहने के लिए ज्यादा जगह मिल सकेगी। इसमें वह अपने परिवार के साथ आराम से गुजर बसर कर सकेंगे। इसके अलावा क्वार्टर्स में ओपन स्पेस भी रहेगा। इस जगह को वह उपयोग में ला सकेंगे।
काम शुरू : 4 करोड़ में बनेंगे क्वार्टर्स
बीएमवाय चरोदा में करीब 200 क्वार्टर्स बनाए जा रहे हैं।
ए टाइप से अब बी टाइप क्वार्टर में रहेंगे कर्मी
कर्मियों को पहले ए-टाइप आवास आवंटित किए थे। इनमें एक बेडरूम, किचन, छोटा हाॅल और बाथरूम था। अब इन्ही क्वार्टर्स को तोड़कर दो क्वार्टर्स की जगह में एक क्वार्टर बनाया जाएगा। नए क्वार्टर्स में दो बेडरूम, हाॅल, किचन अाैर बाथरूम के अलावा भी कुछ जगह रहेगी। वही ए-टाइप क्वार्टर को बी टाइप बनाया जाएगा।
चतुर्थ श्रेणी कर्मियों को मिलेंगे तृतीय श्रेणी आवास
रेलवे के ए-टाइप क्वार्टर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के लिए बनाए गए थे। इनमें कुछ तृतीय श्रेणी कर्मचारी भी रहते थे। उन्ही ए-टाइप क्वार्टर्स के स्वरूप और आकार में परिवर्तन कर उसे बी-टाइप बनाया जाएगा। जो कि चतुर्थ श्रेणी कर्मियों को आवंटित किए जाएंगे।
पीएनएम बैठक में मजदूर कांग्रेस ने उठाई थी मांग
रेलवे रायपुर मंडल की पिछली पीएनएम बैठक में मजदूर कांग्रेस के समन्वयक डी विजय कुमार ने डबल स्टाेरी के दो क्वार्टर्स को भी एक करने या एक परिवारों काे दो क्वार्टर्स अलॉट करने की बात रखी थी। इस पर डीआरएम कौशल किशोर ने स्वीकृति देते हुए संबंधित अधिकारियों को क्वार्टर के अलॉटमेंट से संबंधित निर्देश दिए।
डिवीजन में 5 सौ तो चरोदा में 2 सौ क्वार्टर बनेंगे
क्वार्टर्स में हो रहा यह बदलाव रायपुर डिवीजन में मौजूद 5 सौ क्वार्टर्स में होगा। उन्हें जोड़कर ढाई सौ क्वार्टर बनाए जाएंगे। उसमें से चरोदा के दो सौ क्वार्टर्स में ये बदलाव होना है। इसकी शुरूआत की जा चुकी है।
रेल कर्मी अपने मुताबिक कर सकेंगे बदलाव
बीएम वाय चरोदा के रेलवे क्वार्टर्स के लिए रेलवे ने स्पष्ट आदेश दिए हैं कि यदि कोई अपना क्वार्टर खाली नहीं करना चाहता या बगल के क्वार्टर से जोड़कर अपने क्वार्टर में बदलाव नहीं करना चाहता तो उसे ठेकेदार मौजूद जगह पर अलग से कमरा बनाकर देगा।
कर्मियों के हित में रेलवे ने लिया है निर्णय
Page#    Showing 1 to 8 of 8 News Items  

Scroll to Top
Scroll to Bottom
Go to Mobile site
Important Note: This website NEVER solicits for Money or Donations. Please beware of anyone requesting/demanding money on behalf of IRI. Thanks.
Disclaimer: This website has NO affiliation with the Government-run site of Indian Railways. This site does NOT claim 100% accuracy of fast-changing Rail Information. YOU are responsible for independently confirming the validity of information through other sources.
India Rail Info Privacy Policy