Spotting
 Timeline
 Travel Tip
 Trip
 Race
 Social
 Greeting
 Poll
 Img
 PNR
 Pic
 Blog
 News
 Conf TL
 RF Club
 Convention
 Monitor
 Topic
 Bookmarks
 Rating
 Correct
 Wrong
 Stamp
 PNR Ref
 PNR Req
 Blank PNRs
 HJ
 Vote
 Pred
 @
 FM Alert
 FM Approval
 Pvt
News Super Search
 ↓ 
×
Member:
Posting Date From:
Posting Date To:
Category:
Zone:
Language:
IR Press Release:

Search
  Go  
dark mode

Mumbai Local - RailFanning nirvana.

Full Site Search
  Full Site Search  
FmT LIVE - Follow my Trip with me... LIVE
 
Tue Nov 30 23:26:43 IST
Home
Trains
ΣChains
Atlas
PNR
Forum
Quiz Feed
Topics
Gallery
News
FAQ
Trips
Login
Advanced Search

News Posts by Prakhar Yadav

Page#    Showing 1 to 5 of 368 news entries  next>>
कानपुर में मेट्रो का संचालन दिसंबर के अंत तक शुरू करने के लिए कम से कम छह ट्रेनों की आवश्यकता है। इस तरह हर दस दिन में ट्रेन के कोच आने पर ही संचालन की उम्मीद पूरी होगी। एक दो दिन में तीसरी ट्रेन के कोच आने की उम्मीद है।
कानपुर, जागरण संवाददाता। शहर में मेट्रो संचालन के लिए मात्र एक माह बचा है। समय से ट्रेन चलाने के लिए मेट्रो को कम से कम छह ट्रेनें चाहिए। हालांकि मेट्रो के पास अभी सिर्फ दो ट्रेन हैं। तीसरी ट्रेन के कोच एक दो दिन में आने की उम्मीद है। अब हर 10 दिन में एक मेट्रो ट्रेन के कोच कानपुर आने लगेंगे। आइआइटी से मोतीझील के बीच के पहले कारिडोर में
...
more...
ट्रेन के संचालन के मेट्रो प्रबंधन को आठ ट्रेनें चाहिए थीं। मेट्रो ने जनवरी 2022 में ट्रेन चलाने के लिए लक्ष्य बनाया था। इसके हिसाब से ही गुजरात में मेट्रो के कोच बना रही कंपनी को आदेश दिए गए थे। अब मेट्रो चलाने का लक्ष्य करीब एक माह पहले का हो गया। दिसंबर के अंत तक मेट्रो चलानी है। इसलिए मेट्रो ने भी आठ की जगह छह ट्रेनों से शुरुआत करने की तैयारी की है। मेट्रो कोच बना रही कंपनी को दिसंबर तक ही छह ट्रेनों को देने के लिए कहा है। Priyanka Mahoba Rally: महोबा में पंडाल तैयार, बस कुछ ही देर में उतरेगा प्रियंका वाड्रा का हेलीकाप्टर यह भी पढ़ें दो ट्रेनें उसने जनवरी में मांगी हैं। मेट्रो प्रबंधन के सामने समस्या यह है कि उसके डिपो में अभी सिर्फ दो ट्रेनें हैं। उसकी तीसरी ट्रेन कोच एक-दो दिन में शहर आ जाएंगे, लेकिन ट्रेन के कोच आने के बाद भी उनमें कई तरह की फिङ्क्षटग करनी होती है। इसलिए मेट्रो ने कंपनी से हर 10 दिन के अंदर एक ट्रेन के कोच भेजने को कहा है। अफसरों के मुताबिक इस तरह अगले 30 दिन में तीन ट्रेनें आ सकेंगी। Edited By: Abhishek Agnihotri
कानपुर, जागरण संवाददाता। शहर में मेट्रो संचालन के लिए मात्र एक माह बचा है। समय से ट्रेन चलाने के लिए मेट्रो को कम से कम छह ट्रेनें चाहिए। हालांकि मेट्रो के पास अभी सिर्फ दो ट्रेन हैं। तीसरी ट्रेन के कोच एक दो दिन में आने की उम्मीद है। अब हर 10 दिन में एक मेट्रो ट्रेन के कोच कानपुर आने लगेंगे।
आइआइटी से मोतीझील के बीच के पहले कारिडोर में ट्रेन के संचालन के मेट्रो प्रबंधन को आठ ट्रेनें चाहिए थीं। मेट्रो ने जनवरी 2022 में ट्रेन चलाने के लिए लक्ष्य बनाया था। इसके हिसाब से ही गुजरात में मेट्रो के कोच बना रही कंपनी को आदेश दिए गए थे। अब मेट्रो चलाने का लक्ष्य करीब एक माह पहले का हो गया। दिसंबर के अंत तक मेट्रो चलानी है। इसलिए मेट्रो ने भी आठ की जगह छह ट्रेनों से शुरुआत करने की तैयारी की है। मेट्रो कोच बना रही कंपनी को दिसंबर तक ही छह ट्रेनों को देने के लिए कहा है।

दो ट्रेनें उसने जनवरी में मांगी हैं। मेट्रो प्रबंधन के सामने समस्या यह है कि उसके डिपो में अभी सिर्फ दो ट्रेनें हैं। उसकी तीसरी ट्रेन कोच एक-दो दिन में शहर आ जाएंगे, लेकिन ट्रेन के कोच आने के बाद भी उनमें कई तरह की फिङ्क्षटग करनी होती है। इसलिए मेट्रो ने कंपनी से हर 10 दिन के अंदर एक ट्रेन के कोच भेजने को कहा है। अफसरों के मुताबिक इस तरह अगले 30 दिन में तीन ट्रेनें आ सकेंगी।
Nov 23 (14:22) बोड़ाकी अब ग्रेटर नोएडा रेलवे स्टेशनः बिहार-पूर्वी यूपी के लिए ट्रेंनें, कईं राज्यों के लिए बसें, जानें सबकुछ (navbharattimes.indiatimes.com)
New Facilities/Technology
NCR/North Central
1 Followers
16924 views

News Entry# 470727  Blog Entry# 5140937   
  Past Edits
Nov 23 2021 (14:22)
Station Tag: New Delhi/NDLS added by Prakhar Yadav/622971

Nov 23 2021 (14:22)
Station Tag: Anand Vihar Terminal/ANVT added by Prakhar Yadav/622971

Nov 23 2021 (14:22)
Station Tag: Boraki/BRKY added by Prakhar Yadav/622971
दिल्ली-कानपुर रेल रूट पर दादरी के बाद पड़ने वाला बोड़ाकी रेलवे स्टेशन सब कुछ ठीक रहा तो जल्द ही ग्रेटर नोएडा रेलवे स्टेशन के नाम से जाना जाएगा। बोड़ाकी को मल्टिमॉडल ट्रांसपोर्ट हब के तौर पर विकसित किया जा रहा है जिसमें रेलवे टर्मिनल, पास में आईएसबीटी और मेट्रो स्टेशन भी होंगे।

Rail News
15975 views
Nov 23 (14:30)
NCR is Pride of IR
Mridul^~   43279 blog posts
Re# 5140937-1            Tags   Past Edits
It will boost the economy of this region.

12914 views
Nov 23 (16:41)
Prakhar Yadav^~   6130 blog posts
Re# 5140937-2            Tags   Past Edits
Station Renaming wud b helpful here.
.
ofcourse connecting from station to the city wud b needed.

Rail News
9124 views
Nov 23 (19:14)
🇮🇳 भारत माता की जय 🇮🇳
Shiv.Kumar.Etah^~   2656 blog posts
Re# 5140937-3            Tags   Past Edits
This is Extremely Needed. Would be very helpful for local passengers

9086 views
Nov 23 (19:18)
tublum007
IRF~   394 blog posts
Re# 5140937-4            Tags   Past Edits
Good step. In this case station renaming is good decision.

5618 views
Nov 23 (22:33)
Prakhar Yadav^~   6130 blog posts
Re# 5140937-5            Tags   Past Edits
Actions yet to be taken.
Proposal as of now.
मेट्रो ने आइआइटी से मोतीझील के बीच हर पांच मिनट में मेट्रो उपलब्ध कराने की बात कही है। इसके लिए मेट्रो को आठ ट्रेन चाहिए होंगी ताकि अगर कोई ट्रेन मरम्मत के लिए रोकी भी जाए तो भी उसका प्रभाव ना पड़े।
कानपुर, जागरण संवाददाता। मेट्रो को अगले चार सप्ताह में छह और ट्रेन चाहिए। अभी कानपुर में मात्र दो ट्रेन हैं। आज गुजरात से तीसरी ट्रेन के कोच रवाना होंगे। आइआइटी से मोतीझील के बीच स्थित नौ स्टेशन में मेट्रो को आठ ट्रेनें चलानी हैं।  मेट्रो ने आइआइटी से मोतीझील के बीच हर पांच मिनट में मेट्रो उपलब्ध कराने की बात कही है। इसके लिए मेट्रो को आठ ट्रेन चाहिए होंगी ताकि अगर कोई ट्रेन मरम्मत के लिए रोकी भी जाए
...
more...
तो भी उसका प्रभाव ना पड़े। सितंबर में मेट्रो की ट्रेनों का कानपुर में आगमन शुरू हुआ था। 18 सितंबर को पहली ट्रेन के कोच गुजरात से रवाना हुए थे और अब दो माह बाद तीसरी ट्रेन के कोच रवाना हो रहे हैं। मेट्रो इनके पांच दिन में कानपुर आने की उम्मीद है।  मुस्लिम पर्सनल ला बोर्ड ने कहा समान नागरिक संहिता स्वीकार नहीं यह भी पढ़ें कानपुर में मेट्रो को दोनों कारीडोर के लिए 39 ट्रेनों की जरूरत है। इसमें से 29 ट्रेन आइआइटी से नौबस्ता के पहले कारीडोर के बीच चलेंगी वहीं 10 ट्रेनें सीएसए से बर्रा आठ के बीच चलेंगी। अभी आइआइटी से मोतीझील के बीच प्रायरिटी कारीडोर पर ही ट्रेन चलने जा रही है। इसलिए इन नौ स्टेशन के लिए मेट्रो को आठ ट्रेनों की जरूरत है। हालांकि मेट्रो के अधिकारियों का दावा है कि उन्हें छह ट्रेनें भी मिल गईं तो वह संचालन शुरू कर लेंगे लेकिन बड़ी समस्या यह है कि पहले दो माह में उन्हें सिर्फ दो ट्रेन मिली हैं और अब इससे आधे समय यानी एक माह में उन्हें तीन गुनी ट्रेन यानी छह ट्रेन चाहिए। मेट्रो के सामने दिसंबर में यात्रियों के लिए ट्रेन चलाने का दबाव है क्योंकि खुद मुख्यमंत्री इसकी घोषणा कर गए हैं। वैसे मेट्रो ने इन ट्रेनों को चलाने के लिए अपने स्टाफ को भी कानपुर बुला लिया है। जो स्टेशन भी देखेगा।  Edited By: Shaswat Gupta
कानपुर, जागरण संवाददाता। मेट्रो को अगले चार सप्ताह में छह और ट्रेन चाहिए। अभी कानपुर में मात्र दो ट्रेन हैं। आज गुजरात से तीसरी ट्रेन के कोच रवाना होंगे। आइआइटी से मोतीझील के बीच स्थित नौ स्टेशन में मेट्रो को आठ ट्रेनें चलानी हैं। 
मेट्रो ने आइआइटी से मोतीझील के बीच हर पांच मिनट में मेट्रो उपलब्ध कराने की बात कही है। इसके लिए मेट्रो को आठ ट्रेन चाहिए होंगी ताकि अगर कोई ट्रेन मरम्मत के लिए रोकी भी जाए तो भी उसका प्रभाव ना पड़े। सितंबर में मेट्रो की ट्रेनों का कानपुर में आगमन शुरू हुआ था। 18 सितंबर को पहली ट्रेन के कोच गुजरात से रवाना हुए थे और अब दो माह बाद तीसरी ट्रेन के कोच रवाना हो रहे हैं। मेट्रो इनके पांच दिन में कानपुर आने की उम्मीद है। 

कानपुर में मेट्रो को दोनों कारीडोर के लिए 39 ट्रेनों की जरूरत है। इसमें से 29 ट्रेन आइआइटी से नौबस्ता के पहले कारीडोर के बीच चलेंगी वहीं 10 ट्रेनें सीएसए से बर्रा आठ के बीच चलेंगी। अभी आइआइटी से मोतीझील के बीच प्रायरिटी कारीडोर पर ही ट्रेन चलने जा रही है। इसलिए इन नौ स्टेशन के लिए मेट्रो को आठ ट्रेनों की जरूरत है। हालांकि मेट्रो के अधिकारियों का दावा है कि उन्हें छह ट्रेनें भी मिल गईं तो वह संचालन शुरू कर लेंगे लेकिन बड़ी समस्या यह है कि पहले दो माह में उन्हें सिर्फ दो ट्रेन मिली हैं और अब इससे आधे समय यानी एक माह में उन्हें तीन गुनी ट्रेन यानी छह ट्रेन चाहिए। मेट्रो के सामने दिसंबर में यात्रियों के लिए ट्रेन चलाने का दबाव है क्योंकि खुद मुख्यमंत्री इसकी घोषणा कर गए हैं। वैसे मेट्रो ने इन ट्रेनों को चलाने के लिए अपने स्टाफ को भी कानपुर बुला लिया है। जो स्टेशन भी देखेगा।
Nov 22 (04:17) कानपुर मेट्रो की एक और रैक आने वाली है, जान लें तारीख (www.livehindustan.com)
Metro
NCR/North Central
0 Followers
3539 views

News Entry# 470577  Blog Entry# 5139186   
  Past Edits
Nov 22 2021 (04:17)
Station Tag: Kanpur Central/CNB added by Prakhar Yadav/622971
Stations:  Kanpur Central/CNB  
मेट्रो ट्रायल रन के बाद निरंतर परीक्षण कराया जा रहा है। अनुसंधान अभिकल्प मानक संगठन (आरडीएसओ) की टीम ने कानपुर आकर परीक्षण शुरू कर दिया है। मेट्रो रैक में लगे सेंसर से ट्रैक के उछाल से लेकर उसकी गुणवत्ता का आकलन कर रहे हैं। इन सेंसर से ब्रेक असेंबली की गुणवत्ता का भी आकलन हो जाता है। गुजरात से कानपुर मेट्रो का तीसरा रैक 19 नवंबर को चलकर 23 को कानपुर आएगा।
कानपुर मेट्रो के पहले कॉरिडोर में नए साल में जनवरी तक शहरियों को सौगात देने की तैयारी है। इसके चलते पिछले 10 नवंबर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ट्रायल रन का श्रीगणेश किया था। पहले ट्रायल रन 15 नवंबर को प्रस्तावित था पर काम की तेजी से तय समय से
...
more...
पहले ही इसका ट्रायल रन हो गया है। कानपुर मेट्रो के पहले कॉरिडोर में नौ किमी की दूरी में नौ स्टेशन हैं। इनपर सिविल वर्क का काम तेजी से बुधवार को होते दिखा। अफसरों का मानना है कि तीसरा रैक आने के बाद उसकी डिपो में ही असेंबिलिंग होगी। इसके बाद इस रैक का भी ट्रायल होगा। कानपुर मेट्रो का ट्रायल तय गति से अधिक स्पीड पर हो रहा है। ताकि संरक्षा के लिहाज से कानपुर मेट्रो फिट रहे।
आपात ब्रेक पर कितना लगेगा झटका
आरडीएसओ के रेलवे इंजीनियर हर बारीक से बारीक चीज का सेंसर से आकलन कर रहे हैं। यह भी अंदाजा लगाया जा रहा कि 80 किमी की गति पर ब्रेक लगानी पड़े तो कितने मीटर की परिधि में मेट्रो खड़ी हो जाएगी। एकाएक ब्रेक लगने के बाद सफर करने वालों को कितनी तेज झटके का अहसास होगा। साथ ही ब्रेक शू पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा। इस ट्रायल के बाद उसी हिसाब से मेट्रो रैक को फिट कराया जाएगा। ताकि आकस्मिक ब्रेक में सफर करने वालों को झटका न लगे।
90 तक की गति से ट्रायल
पिछले 10 नवंबर को ट्रायल रन के श्रीगणेश के बाद निरंतर परीक्षण चल रहा है। कानपुर मेट्रो की अधिकतम गति 80 किमी होगी। इस कारण मेट्रो का ट्रायल 90 किमी प्रति घंटे की स्पीड से कराई जा रही है। अलग-अलग दिनों में अलग-अलग स्पीड रहती है।
शुक्रवार देर शाम को पहली बार कानपुर मेट्रो 90 किमी. प्रति घंटे की मैक्सिमम स्पीड पर दौड़ी। रेलवे डिजाइन एंड स्टैंडर्ड आर्गनाइजेशन (RDSO) की टीम ने टेस्टिंग ट्रायल शुरू कर दिया है। आरडीएसओ की टीम ने 50, 70 और 90 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से ट्रेन का ऑक्सीलेशन टेस्ट शुरू किया। आईआईटी से हैलट के बीच में टेस्ट किया गया।
सबसे पहले ऑक्सीलेशन टेस्टएक मेट्रो ट्रेन आरडीएसओ को दे दी गई है। टीम ने करीब 100 से ज्यादा सेंसर ट्रेन में लगाए हैं। ट्रायल रन से पहले अन्य सभी तैयारियों को टीम ने पूरा कर लिया था। ऑक्सीलेशन टेस्ट में पहले कई स्पीड पर मेट्रो को चलाया जाएगा और रोका जाएगा। इसके बाद शनिवार को टीम सस्पेंशन का टेस्ट शुरू करेगी।
...
more...

सिग्नल टेस्ट के अच्छे रिजल्टवहीं मेट्रो के अधिकारी दूसरी ट्रेन से सिग्नल टेस्टिंग कर रहे हैं। मेट्रो डिपो से आईआईटी मेट्रो स्टेशन तक 70 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से ट्रेन को दौड़ा कर सिग्नल टेस्ट किए गए हैं। ट्रेन का सिग्नल बेस्ड संचालन ऑटोमेटिक होगा, इसके लिए सिग्नल टेस्ट मेट्रो कोई चूक नहीं करना चाहती है। वहीं किसी भी सिक्योरिटी इमरजेंसी में ट्रेन अपने आप ही रुक जाएगी। 9 किमी. के रूट पर 29 सिग्नल लगे हैं।
तीसरी ट्रेन हुई रवानामेट्रो अधिकारियों के मुताबिक शुक्रवार देर रात गुजरात सांवली प्लांट से मेट्रो की तीसरी ट्रेन भी रवाना हो गई। आईआईटी से मोतीझील के बीच 9 मेट्रो स्टेशन बने हैं। इनमें 6 ट्रेनों का संचालन किया जाएगा। तीसरी ट्रेन आने के बाद असेंबलिंग होने के बाद उसे भी ट्रैक पर दौड़ा कर टेस्ट किया जाएगा। वहीं दूसरी ट्रेन सिग्नल टेस्ट में यूज की जा रही है। वहीं आईआईटी स्टेशन का काम पूरा हो चुका है।
UP की आज की बड़ी खबरें: मऊ में सिरफिरे आशिक ने विवाहिता की गोली मारकर की हत्या फिर खुद को भी उड़ाया
ग्रीनपार्क में कुत्ते बनते है इंटरनेशनल मैच चर्चा का विषय: अभी से मैदान में आतंक मचाते दिखे आवारा कुत्ते, पिछली बार पुलिस वाले तैनात किये गए थे इनको रोकने के लिए
मनीष गुप्ता हत्याकांड: 3 राउंड की चल रही CBI जांच, आरोपी पुलिस वालों के नार्को टेस्ट करा सकती है टीम
मौसम ने ली करवट, किसानों को अलर्ट: मौसम विज्ञानियों की किसानों को सलाह, कटी फसलों को खुले में न रखें, बुवाई भी रुककर करें, कई इलाकों में बारिश
Copyright © 2021-22 DB Corp ltd., All Rights Reserved
This website follows the DNPA Code of Ethics.
Page#    368 news entries  next>>

Scroll to Top
Scroll to Bottom
Go to Mobile site
Important Note: This website NEVER solicits for Money or Donations. Please beware of anyone requesting/demanding money on behalf of IRI. Thanks.
Disclaimer: This website has NO affiliation with the Government-run site of Indian Railways. This site does NOT claim 100% accuracy of fast-changing Rail Information. YOU are responsible for independently confirming the validity of information through other sources.
India Rail Info Privacy Policy